सरकारी पैसे से मस्जिदों के बाद अब मंदिरों की होगी बाउंडरी- नीतीश कुमार

Written by
Nitish Kumar

पटनाः सोमवार की रोज बिहार के मुख्यमंत्री श्री नीतीश कुमार (Bihar CM Mr. Nitish Kumar) ने ऐलान करते हुए साफ किया कि राज्य सरकार प्रदेश में संवेदनशील कब्रिस्तानों की बाउंडरी और पुराने मंदिरों की बाउंडरी का निर्माण विधायकों की अनुरोध पर मुख्यमंत्री क्षेत्र विकास योजना के तहत कराने को तैयार है।

बिहार के मुख्यमंत्री ने विधानसभा में कब्रिस्तानों की बाउंडरी से संबंधित किए गए सवाल के जवाब के बीच उलंघन करते हुए बताया कि जब बिहार राज्य में जब पहली बार मेरी सरकार बनी थी। उसी समय सभी संवेदनशील कब्रिस्तानों की बाउंडरी करने का फैसला हुआ था। सरकार ने घेराबंदी के लिए ऐसे आठ हजार से ज्यादा कब्रिस्तानों को प्रख्यात किया था। इसके बाद बाउंडरी के लिए प्राथमिकता सूची बनाने की जिम्मेदारी संबंधित क्षेत्र के जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक को सोंपी थी।

दरअसल बनायी गयी सूची में तकरीबन पांच हजार कब्रिस्तानों की बोंडरी हो चुकी है और बचे हुए कब्रिस्तान पर कार्य चल रहा है। मुख्यमंत्री Nitish Kumar ने यह साफ किया कि कब्रिस्तान की बाउंडरी का कार्य तय किए गए प्राथमिकता सूची के अनुसार ही होगा, तथा जो कब्रिस्तान इस सूची में शामिल नहीं है उनकी बाउंडरी प्राथिमिकता सूची वाले कब्रिस्तानों के बाउंडरी का कार्य पूरा होने के बाद होगा।

हालाँकि Nitish Kumar ने कहा कि राज्य सरकार की तरफ से पहले राज्य के करीब 8000 कब्रिस्तान की बाउंडरी का कार्यक्रम हर हाल में पूरा किया जाएगा। फिलहाल कुछ विधायकों की शिकायत थी कि प्राथमिकता सूची का हवाला देकर स्थानीय जिला अधिकारी उनके कब्रिस्तान की घेराबंदी के उनके प्रस्ताव को नामंजूर कर देते हैं।

बहरहाल मुख्यमंत्री ने मंदिरों की बोंडरी के निर्माण से जुड़े सवाल पर नजर रखते हुए कहा कि इसके लिए बने नियम के अनुसार मंदिर का पुराना और धार्मिक न्यास परिषद से निबंधित होना जरूरी है। यदि विधायक चाहें, तो वे अपनी अनुशंसा पर मुख्यमंत्री क्षेत्र विकास योजना के तहत मंदिरों की बाउंडरी करा सकते हैं। सरकार इससे संबंधित नियमावली में संशोधन के लिए तैयार है।

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