जानिए कौन हैं शूटर दादी, जो जायंट किलर स्मृति ईरानी को तोहफा देने पहुँचीं ?

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रिपोर्ट : विनीत दुबे

अहमदाबाद, 3 अगस्त, 2019 (युवाPRESS)। क्या आप देश की ‘शूटर दादी’ को जानते हैं ? क्या आपने उनके बारे में सुना है या उन्हें देखा है ? यदि नहीं, तो आज हम आपको उन्हीं के बारे में पूरी जानकारी देने जा रहे हैं, जो ‘रिवॉल्वर दादी’ और ‘आइकॉन लेडी’ के रूप में भी पहचानी जाती हैं। ‘शूटर दादी’ से मिलना इसलिये आवश्यक हैं, क्योंकि देश की यह बुजुर्ग निशानेबाज ‘शूटर दादी’ ना सिर्फ वर्तमान उम्रदराज महिलाओं के लिये बल्कि नई पीढ़ी के लिये भी प्रेरणास्रोत हैं।

‘शूटर दादी’ को लेकर ‘जायंट किलर’ स्मृति ईरानी ने क्या कहा ?

कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी को 2019 के लोकसभा चुनाव में उन्हीं के परंपरागत गढ़ अमेठी में हराकर भारतीय राजनीति में जायंट किलर कहलाने वाली महिला एवं बाल कल्याण मंत्री स्मृति ईरानी से जब देश की ‘शूटर दादी’ चंद्रो तोमर ने मुलाकात की तो स्मृति ईरानी ने उनसे मिलने की खुशी अपने ट्वीटर हैंडल पर शेयर की। स्मृति ईरानी ने ‘शूटर दादी’ के साथ खिंचाई तस्वीरों को पोस्ट करने के साथ लिखा कि ‘आज शूटर दादी से मिलकर खुशी हुई। दादी चंद्रो तोमर जैसी महिलाएँ देश की महिलाओं के लिये एक प्रेरणा हैं, जिन्होंने ढलती उम्र में भी अपने अरमानों के रास्तों की बाधाओं को दूर किया और आने वाली पीढ़ियों के लिये एक सुनहरा रास्ता बनाया। उनका गर्मजोशी से मिलना, उनकी ऊर्जा और सकारात्मकता मुझे बहुत पसंद आई।’

शूटर दादी भी उनसे मिलने के लिये खाली हाथ नहीं गई थी, वह स्मृति ईरानी के लिये खास तोहफा साथ ले गई थी। उन्होंने स्मृति ईरानी को दो डिब्बे भेंट किये, जिनमें से एक डिब्बे में गुड़ और दूसरे में शक्कर थी। स्मृति ईरानी की ओर से ट्वीट किये जाने के बाद दादी चंद्रो तोमर ने उन्हें धन्यवाद कहा और उन्हें शुभकामनाएँ भी दीं।

कृषि राज्य मंत्री कैलाश चौधरी से भी की मुलाकात

‘शूटर दादी’ केवल स्मृति ईरानी से ही नहीं मिलीं, उन्होंने बाड़मेर-जैसलमेर के सांसद कैलाश चौधरी से भी मुलाकात की और उन्हें कृषि राज्यमंत्री बनने की बधाई भी दी।

दरअसल दादी चंद्रो तोमर दिल्ली में एक आर्ट गैलरी के उद्घाटन के लिये आई थी। उद्घाटन कार्यक्रम में शामिल होने से पहले उन्होंने स्मृति ईरानी और सांसद कैलाश चौधरी से औपचारिक मुलाकात की थी।

देश की बुजुर्ग निशानेबाज महिलाओं पर बनी फिल्म

उल्लेखनीय है कि चंद्रो तोमर और उनकी देवरानी प्रकाशी तोमर पर एक फिल्म ‘सांड की आँख’ भी बनी है। इस फिल्म में इन दोनों उम्रदराज महिलाओं के जीवन से जुड़े उतार-चढ़ाव की कहानी फिल्माई गई है। अभिनेत्री तापसी पन्नू और भूमि पेडनेकर दोनों महिलाओं की भूमिकाएँ निभा रही हैं। तुषार हीरानंदानी द्वारा निर्देशित यह फिल्म 25 अक्टूबर को सिनेमाघरों में रिलीज़ होने वाली है।

सामाजिक बेड़ियों में जकड़ी महिलाओं के लिये प्रेरणा हैं ‘शूटर दादी’

उल्लेखनीय है कि प्रकाशी तोमर और चंद्रो तोमर पश्चिमी उत्तर प्रदेश के बागपत जिले के जोहरी गाँव की निवासी हैं। यह दोनों महिलाएँ सभी महिलाओं के लिये मिसाल इसलिये हैं, क्योंकि इन्होंने 65 वर्ष की उम्र में पहली बार शूटिंग रेंज में प्रवेश किया था। उस समय उनकी बहुत आलोचनाएँ हुईं और मज़ाक उड़ाया गया, परंतु सामाजिक ताने उनकी इच्छाशक्ति को तोड़ नहीं पाये और उन्होंने तमाम आलोचनाओं को दरकिनार करते हुए अपने लक्ष्य पर ध्यान दिया। परिणामस्वरूप दोनों महिलाएँ आज प्रसिद्धि और कामयाबी के शिखर पर हैं। 8 बच्चों की माता प्रकाशी तोमर के 15 पोते-पोतियाँ हैं। प्रकाशी के निशानेबाज बनने की यात्रा भी दिलचस्प है। पहली बार वर्ष 2000 में वह अपनी बेटी सीमा तोमर को निशानेबाजी सिखाने के लिये राइफल क्लब में ले गई थी। अकादमी में सीमा को निशानेबाजी कैसे की जाती है, यह सिखाने के लिये प्रकाशी ने खुद बंदूक उठाई और निशाना लगा दिया। यह देखकर वहाँ मौजूद सभी लोग भौंचक्के रह गये। इसी समय कोच राजपाल ने उनकी प्रतिभा को पहचाना और उन्हें अकादमी में प्रवेश लेने की सलाह दी। प्रकाशी ने जब कहा कि वह एक गृहिणी हैं और उनके लिये प्रति दिन अकादमी में आकर निशानेबाजी सीखना संभव नहीं है तो कोच ने उन्हें सप्ताह में एक दिन अकादमी आने और बाकी दिनों में घर पर निशानेबाजी सीखने की सलाह दी। इसके बाद दोनों महिलाओं ने पीछे मुड़कर नहीं देखा। उन्होंने देश भर में आयोजित निशानेबाजी की प्रतियोगिताओं में लगभग 25 मेडल और पदक जीते हैं। एक स्वर्ण पदक भी जीता है। उनकी पोती सीमा तोमर देश की जानी-मानी प्रथम महिला निशानेबाज है, जिसने देश को पहली बार निशानेबाजी में रजत पदक दिलाया है। उनकी एक पोती रूबी पंजाब पुलिस में इंस्पेक्टर है, जबकि एक पुत्री रेखा निशानेबाजी छोड़ चुकी हैं।

केन्द्र सरकार के महिला एवं बाल विकास मंत्रालय की ओर से इन दोनों बुजुर्ग निशानेबाज महिलाओं को आइकॉन लेडी का पुरस्कार दिया जा चुका है, जबकि वर्ष 2016 में वह देश की 100 वीमैन अचीवर्स में शामिल हो चुकी हैं। राष्ट्रपति प्रणव मुखर्जी के साथ उन्हें दोपहर के लंच में भाग लेने का सम्मान प्राप्त हो चुका है। वह फिल्म स्टार आमिर खान के शो सत्यमेव जयते और कलर्स टीवी के बहुचर्चित शो इंडियाज़ गोट टैलेंट में भी भाग ले चुकी हैं। गूगल इंडिया के वीमैन विल प्रोग्राम में भी उन्हें बुलाकर सम्मानित किया जा चुका है।

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